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HOKA, Saucony के जूतों पर छप्पर फाड़ ऑफर, जल्‍दी करें मौका हाथ से निकल न जाए

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s7dgr988_cakes_625x300_26_November_24 HOKA, Saucony के जूतों पर छप्पर फाड़ ऑफर, जल्‍दी करें मौका हाथ से निकल न जाए

Myntra की Black Friday Sale शुरू हो चुकी है और यह शू लवर्स के लिए एक शानदार मौका साबित हो रही है. HOKA, Saucony और ON जैसे टॉप ब्रांड पर मिनिमम 10% तक की छूट मिल रही है, यह आपके फुटवियर कलेक्शन को अपडेट करने का सही समय है. चाहे आप एक डेडिकेटेड रनर हों, जो लम्‍बे समय तक चलने वाले शूज की तलाश में हैं, या किसी स्टाइलिश और कम्फर्टेबल स्नीकर्स की तलाश में हों, जो रोज़मर्रा के इस्तेमाल के लिए हो, इस सेल में हर किसी के लिए कुछ खास है. आइए, Myntra की इस सेल में बेहतरीन शूज को जानें, जिनमें उनके प्रमुख फीचर्स, कीमतें और ऑफर्स शामिल हैं, जो आप मिस नहीं करना चाहेंगे.

1. ON Women Woven Design Sneakers

Discount: 20% | Price: ₹15039 | M.R.P.: ₹18799 | Rating: 4.5 out of 5 stars

यह ON Women’s Woven Design Sneakers स्टाइल और आराम का बेहतरीन कॉम्बिनेशन हैं. लेस-अप क्लोज़र और क्यूशन्ड फुटबेड से शूज में कम्फर्टेबल फिट मिलता है, जबकि टेक्सचर्ड आउटक्लोज़ अच्छी ग्रिप देता है.

मुख्य विशेषताएं:

  • लेस-अप क्लोज़र
  • क्यूशन्ड फुटबेड
  • टेक्सचर्ड और पैटर्न्ड रबर आउटक्लोज़
  • 100% सिंथेटिक मटेरियल

2. HOKA Men Woven Design Challenger ATR 7 Running Shoes

Discount: 15% | Price: ₹12749 | M.R.P.: ₹14999 | Rating: 4.7 out of 5 stars

HOKA Men Woven Design Challenger ATR 7 Running Shoes उन लोगों के लिए परफेक्ट हैं, जो दौड़ना पसंद करते हैं. इन शूज में आराम के लिए क्यूशन्ड फुटबेड लगा हुआ है, जो लंबी दौड़ के दौरान पैरों को सपोर्ट देता है. टेक्सटाइल अपर से पैरों में हवा रहती है, जबकि पैटर्न वाला आउटक्लोज़ विभिन्न सतहों पर बेहतर ग्रिप देता है.

मुख्य विशेषताएं:

  • टेक्सटाइल अपर
  • क्यूशन्ड फुटबेड
  • लेस-अप क्लोज़र
  • पैटर्न वाले रबर आउटक्लोज़

3. Saucony Women Peregrine 12 GTX Running Shoes

Discount: 10% | Price: ₹13491 | M.R.P.: ₹14990 | Rating: 4.6 out of 5 stars

जो लोग ट्रेल रनिंग पसंद करते हैं या जिनके पास हर मौसम के लिए मजबूत जूते हैं, उनके लिए Saucony Peregrine 12 GTX Running Shoes एक जरूरी चीज़ हैं. GORE-TEX वॉटरप्रूफ तकनीक के साथ ये जूते आपके पैरों को सूखा रखते हैं, जबकि क्यूशन्ड फुटबेड आराम देता है. टेक्सचर्ड आउटक्लोज़ असमान सरफेस पर ड्यूरेबल और ग्रिप देता है.

मुख्य विशेषताएं:

  • GORE-TEX वॉटरप्रूफ अपर
  • क्यूशन्ड फुटबेड
  • लेस-अप क्लोज़र
  • हाई-ट्रैक्शन आउटक्लोज़

4. HOKA Women Woven Design Arahi 7 Running Shoes

Discount: 15% | Price: ₹12749 | M.R.P.: ₹14999 | Rating: 4.6 out of 5 stars

HOKA Women Woven Design Arahi 7 Running Shoes उन रनर्स के लिए बनाए गए हैं, जिन्हें क्यूशन्स, सपोर्ट और स्टाइल का सही कॉम्बिनेशन चाहिए. इन शूज में टेक्सटाइल अपर और हर कदम पर आराम के लिए क्यूशन्ड फुटबेड है.

मुख्य विशेषताएं:

  • टेक्सटाइल अपर
  • क्यूशन्ड फुटबेड
  • लेस-अप क्लोज़र
  • पैटर्न वाला रबर आउटक्लोज़

5. Saucony Women Sneakers

Discount: 10% | Price: ₹11691 | M.R.P.: ₹12990 | Rating: 4.5 out of 5 stars

Saucony Women Sneakers उन लोगों के लिए एक स्टाइलिश और प्रैक्टिकल डिज़ाइन हैं जिन्हें डेलीयूज के लिए कम्फर्टेबल जूते चाहिए. राउंड टो और लेस-अप क्लोज़र सुरक्षित फिट देता है, जबकि क्यूशन्ड फुटबेड हर कदम पर आराम देता है. टेक्सचर्ड रबर आउटक्लोज़ बेहतरीन ग्रिप देने के लिए लगा है , और सुएड और टेक्सटाइल मटेरियल इसे मजबूत बनाता है.

मुख्य विशेषताएं:

  • सुएड अपर
  • क्यूशन्ड फुटबेड
  • टेक्सटर्ड रबर आउटक्लोज़

6. HOKA Women Woven Design Mach X Running Shoes

Discount: 15% | Price: ₹16149 | M.R.P.: ₹18999 | Rating: 4.8 out of 5 stars

HOKA Women Woven Design Mach X Running Shoes उन लोगों के लिए बनाए गए हैं, जो परफॉर्मेंस और स्टाइल दोनों चाहते हैं. क्यूशन्ड फुटबेड यह सुनिश्चित करता है कि आप अधिक समय तक दौड़ सकें, जबकि पैटर्न वाला रबर आउटक्लोज़ तेज़ दौड़ के लिए आवश्यक ट्रैक्शन देता है.

मुख्य विशेषताएं:

  • लाइट टेक्सटाइल अपर
  • क्यूशन्ड फुटबेड
  • टेक्सटर्ड और पैटर्न वाला आउटक्लोज़
  • बोल्ड रेड डिज़ाइन

7. Saucony Men Endorphin Trail Mid Running Shoes

Discount: 10% | Price: ₹17091 | M.R.P.: ₹18990 | Rating: 4.7 out of 5 stars

Saucony Men Endorphin Trail Mid Running Shoes आउट‍डोर के लिए परफेक्ट हैं जिन्हें मजबूत ट्रेल्स के लिए भरोसेमंद जूते की जरूरत है. मिड-टॉप डिज़ाइन अतिरिक्त एंकल सपोर्ट देता है, जबकि क्यूशन्ड फुटबेड लंबी दौड़ के लिए आराम देता है.

मुख्य विशेषताएं:

  • मिड-टॉप डिज़ाइन
  • क्यूशन्ड फुटबेड
  • टेक्सटर्ड आउटक्लोज़
  • टेक्सटाइल और सिंथेटिक मटेरियल

 

8. ON Women Cloud Hi Edge Running Shoes

Discount: 30% | Price: ₹15,959 | M.R.P.: ₹22,799 | Rating: 4.7 out of 5 stars

ON Women Cloud Hi Edge Running Shoes उन लोगों के लिए परफेक्ट हैं जो परफॉर्मेंस और स्टाइल का सही बैलेंस चाहते हैं. इन शूज में CloudTec तकनीक है, जो हर कदम में आराम देती है, जबकि Speedboard आपकी स्‍पीड को बढ़ाता है.

मुख्य विशेषताएं:

  • CloudTec और Speedboard तकनीक
  • मेश अपर और EVA & रबर आउटक्लोज़
  • लेस-अप क्लोज़र और आयलेट एंड्स
  • न्यूट्रल प्रोनेशन

9. ON Women Woven Design Cloud Hi 1 Running Shoes

Discount: 30% | Price: ₹16,939 | M.R.P.: ₹24,199 | Rating: 4.5 out of 5 stars

ON Women Woven Design Cloud Hi 1 Running Shoes मार्डन एथलीटों के लिए डिज़ाइन किए गए हैं, जिसमें इंजीनियर सिंथेटिक अपर और रबर आउटक्लोज़ है. इनके सोल में अभिनव Cloud तकनीक है, जो हर कदम में क्यूश्निंग देती है, जबकि बुनाई डिज़ाइन आपके रनिंग गियर को स्टाइलिश बनाती है.

मुख्य विशेषताएं:

  • सिंथेटिक अपर और रबर आउटक्लोज़
  • Cloud तकनीक
  • न्यूट्रल प्रोनेशन

10. HOKA Women Woven Design Bondi 8 Running Shoes

Discount: 15% | Price: ₹14,024 | M.R.P.: ₹16,499 | Rating: 4.6 out of 5 stars

जो रनर्स आराम और स्थिरता चाहते हैं, उनके लिए HOKA Women Woven Design Bondi 8 Running Shoes एक बेहतरीन ऑप्‍शन हैं. इन शूज में प्लश क्यूश्निंग और टिकाऊ आउटक्लोज़ है, जो आपको जॉगिंग या वॉकिंग के दौरान बेजोड़ सपोर्ट देता है. उनकी फ्लोरेसेंट ग्रीन काफी स्‍टाइलिश लगती है.

मुख्य विशेषताएं:

  • टेक्सटाइल अपर और क्यूशन्ड फुटबेड
  • टेक्सटर्ड और पैटर्न वाला आउटक्लोज़
  • रेगुलर लेस-अप क्लोज़र
  • न्यूट्रल प्रोनेशन

11. HOKA Women Woven Design Mach 6 Running Shoes

Discount: 15% | Price: ₹12,749 | M.R.P.: ₹14,999 | Rating: 4.7 out of 5 stars

HOKA Women Woven Design Mach 6 Running Shoes उन लोगों के लिए डिज़ाइन किए गए हैं जो बिना सपोर्ट से समझौता किए बेहतर चलते हैं. अपर और क्यूशन्ड फुटबेड इन्हें हाई इफेक्टिव एक्टिविटी के लिए परफेक्ट बनाता है.

मुख्य विशेषताएं:
टेक्सटाइल अपर
शॉक एब्जॉर्पशन के लिए क्यूशन्ड फुटबेड
टेक्सटर्ड आउटक्लोज़
न्यूट्रल प्रोनेशन के लिए परफेक्ट

ये भी देखें

 

Myntra Black Friday Sale अब शुरू हो चुकी है, और 10% से अधिक की छूट के साथ टॉप-टियर फुटवियर ब्रांड्स पर बेहतरीन डील्स का मौका उठा सकते हैं. चाहे आप एक सपोर्टिव रनर हों, कैजुअल जॉगर, या सिर्फ स्टाइलिश स्नीकर्स के शौकिन हों, यहां हर किसी के लिए शूज मौजूद हैं. देर न करें तुरंत Myntra पर शॉपिंग करें.

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न्यायाधीशों को सोशल मीडिया का इस्तेमाल करने से बचना चाहिए : सुप्रीम कोर्ट

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mpojkr1k_court-generic-fourt-files-generic-files-in-court-pixabay_625x300_11_October_22 न्यायाधीशों को सोशल मीडिया का इस्तेमाल करने से बचना चाहिए : सुप्रीम कोर्ट


नई दिल्ली:

सुप्रीम कोर्ट ने गुरुवार को कहा कि न्यायाधीशों को एक संन्यासी की तरह जीवन जीना चाहिए और घोड़े की तरह काम करना चाहिए. कोर्ट ने कहा कि उन्हें सोशल मीडिया का इस्तेमाल करने से बचना चाहिए और निर्णयों के बारे में कोई राय व्यक्त नहीं करनी चाहिए. जस्टिस बीवी नागरत्ना और जस्टिस एन कोटिश्वर सिंह की पीठ ने यह मौखिक टिप्पणी की. सुप्रीम कोर्ट की यह पीठ मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय द्वारा दो महिला न्यायिक अधिकारियों की बर्खास्तगी से संबंधित मामले की सुनवाई कर रही थी.

कोर्ट ने टिप्पणी की कि न्यायपालिका में दिखावटीपन के लिए कोई जगह नहीं है. पीठ ने कहा, ‘‘न्यायिक अधिकारियों को फेसबुक का इस्तेमाल करने से बचना चाहिए. उन्हें निर्णयों पर टिप्पणी नहीं करनी चाहिए, क्योंकि कल यदि निर्णय का हवाला दिया जाएगा, तो न्यायाधीश पहले ही किसी न किसी रूप में अपनी बात कह चुके होंगे.”

पीठ ने कहा, ‘‘यह एक खुला मंच है…आपको एक संत की तरह जीवन जीना होगा, पूरी मेहनत से काम करना होगा. न्यायिक अधिकारियों को बहुत सारे त्याग करने पड़ते हैं. उन्हें फेसबुक का बिल्कुल प्रयोग नहीं करना चाहिए.”

बर्खास्त महिला न्यायाधीशों में से एक की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता आर बसंत ने पीठ के विचारों को दोहराते हुए कहा कि किसी भी न्यायिक अधिकारी या न्यायाधीश को न्यायिक कार्य से संबंधित कोई भी पोस्ट फेसबुक पर नहीं डालनी चाहिए.

यह टिप्पणी वरिष्ठ अधिवक्ता गौरव अग्रवाल, जो न्यायमित्र हैं, द्वारा बर्खास्त महिला न्यायाधीश के खिलाफ विभिन्न शिकायतों के बारे में पीठ के समक्ष प्रस्तुत किए जाने के बाद आई. अग्रवाल ने पीठ को बताया कि महिला न्यायाधीश ने फेसबुक पर भी एक पोस्ट डाली थी.

ग्यारह नवंबर, 2023 को सुप्रीम कोर्ट ने कथित असंतोषजनक प्रदर्शन के कारण राज्य सरकार द्वारा छह महिला सिविल न्यायाधीशों की बर्खास्तगी का स्वत: संज्ञान लिया था. हालांकि, मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय की पूर्ण अदालत ने एक अगस्त को अपने पहले के प्रस्तावों पर पुनर्विचार किया और चार अधिकारियों ज्योति वरकड़े, सुश्री सोनाक्षी जोशी, सुश्री प्रिया शर्मा और रचना अतुलकर जोशी को कुछ शर्तों के साथ बहाल करने का फैसला किया, जबकि अन्य दो अदिति कुमार शर्मा और सरिता चौधरी को इस प्रक्रिया से बाहर रखा गया.

शीर्ष अदालत उन न्यायाधीशों के मामलों पर विचार कर रही थी, जो क्रमशः 2018 और 2017 में मध्य प्रदेश न्यायिक सेवा में शामिल हुए थे.
(इनपुट एजेंसियों से भी)

यह भी पढ़ें –

इलाहाबाद HC के जज ने ऐसा क्या कहा? उठी महाभियोग की मांग; जानिए पूरा मामला

महाभियोग से कैसे हटाए जाते हैं सुप्रीम कोर्ट और हाई कोर्ट के जज, अब तक कितने प्रयास हुए हैं सफल 



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अनुकूल नीतियों, कारोबारी सुगमता से बिहार अब निवेश का आकर्षक स्थल

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240lhlho_nitish-kumar_625x300_30_August_24 अनुकूल नीतियों, कारोबारी सुगमता से बिहार अब निवेश का आकर्षक स्थल


पटना:

 विकास के लिहाज से पिछड़े राज्यों में आने वाले बिहार की तस्वीर अब बदल रही है. राज्य अब अनूकूल नीतियों तथा कारोबारी सुगमता की वजह से निवेश का आकर्षक स्थल बन रहा है. अदाणी समूह से लेकर कोका-कोला तक ने यहां अरबों डॉलर के निवेश की घोषणाएं की हैं. निवेश के लिए और भी कंपनियां यहां आने वाली हैं.

राज्य के उद्योग और पर्यटन मंत्री नीतीश मिश्रा बिहार को एक ऐसे राज्य में बदल रहे हैं, जो पूर्वी भारत में निवेशकों के लिए प्रवेश द्वार बन सकता है. उनका कहना है, बिहार की औद्योगिक क्षमता असीमित है. बिहार धारणा का शिकार रहा है. लेकिन अब यह बदल रहा है.

अदाणी समूह ने राज्य में 8,700 करोड़ रुपये के निवेश की घोषणा की है, जबकि अंबुजा सीमेंट्स 1,200 करोड़ रुपये की इकाई स्थापित कर रही है. कोका-कोला अपनी बोतलबंद क्षमता का विस्तार कर रही है.

मिश्रा ने कहा कि राज्य निवेशकों को ब्याज छूट से लेकर राज्य जीएसटी की वापसी, स्टाम्प शुल्क छूट, निर्यात सब्सिडी और परिवहन, बिजली तथा भूमि शुल्क के लिए रियायतें प्रदान कर रहा है.

साथ ही न केवल अनुमोदन के समय बल्कि प्रोत्साहनों के वितरण में भी एकल खिड़की व्यवस्था के तहत मंजूरी दी जा रही है. उन्होंने कहा, ‘‘किसी को सचिवालय आने की जरूरत नहीं है. किसी को सरकारी कार्यालय आने की आवश्यकता नहीं है। हम जो भी वादा कर रहे हैं, उसे पूरा कर रहे हैं.”

उद्योग मंत्री ने कहा कि राजकोषीय प्रोत्साहनों का वितरण बिना किसी दरवाजे पर दस्तक दिए हर तिमाही में होता है. साथ ही किसी भी तरह की चूक से बचने के लिए नियमित निगरानी की जाती है.

उन्होंने कहा कि बिहार राज्य भर के औद्योगिक क्षेत्रों में स्थित पूरी तरह से तैयार लगभग 24 लाख वर्ग फुट औद्योगिक ‘शेड’ की पेशकश कर रहा है. उसमें सभी प्रकार का बुनियादी ढांचा उपलब्ध है. यह जगह किसी भी उद्योग के लिए निर्धारित दर पर उपलब्ध है. राज्य ने उद्योग स्थापित करने के लिए 3,000 एकड़ का भूमि बैंक भी बनाया है.

उन्होंने कहा कि कानून और व्यवस्था की समस्या का समाधान किया गया है. साथ ही कोलकाता और हल्दिया में बंदरगाहों के साथ-साथ झारखंड जैसे पड़ोसी राज्यों में कच्चे माल के स्रोतों और खनिज भंडार तक पहुंचने के लिए बुनियादी ढांचे के साथ लगभग चौबीसों घंटे बिजली की उपलब्धता सुनिश्चित की गयी है.

मिश्रा ने कहा कि राज्य में 19-20 दिसंबर को होने वाले ‘बिजनेस कनेक्ट’ 2024 निवेशक शिखर सम्मेलन के दूसरे संस्करण में बिहार की नीतियों और उपलब्धियों का रखा जाएगा. उल्लेखनीय है कि निवेशक सम्मेलन का पहला संस्करण काफी सफल रहा था. उसमें निवेशकों ने 35,000 करोड़ रुपये की निवेश प्रतिबद्धताएं जताई थीं.

बिहार सरकार ने खाद्य प्रसंस्करण, आईटी और आईटी-संबद्ध सेवाओं (आईटीईएस), कपड़ा और चमड़ा क्षेत्रों को उच्च प्राथमिकता के रूप में रखा है. उनमें से प्रत्येक में निवेश को बढ़ावा देने के लिए अलग-अलग नीतियां हैं. इसके अलावा, सरकार एथनॉल और बायोगैस जैसे नवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों पर भी बड़ा काम कर रही है.

मिश्रा ने कहा कि बिहार में बदलाव का श्रेय केंद्र और राज्य के मिलकर काम करने को जाता है. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व वाली प्रगतिशील विचारधारा वाली केंद्र सरकार के साथ, क्षेत्रीय असंतुलन अब बीते दिनों की बात है. अब हर राज्य के पास मौका है.

मिश्रा ने कहा कि बिहार ने पिछले दो दशक में इस अवसर का लाभ उठाया है. एक राज्य जो लगातार कम वृद्धि दर के लिए जाना जाता था, अब राष्ट्रीय औसत से बेहतर वृद्धि दर हासिल कर रहा है.

राज्य ने सड़कों और राजमार्गों से लेकर गोदामों और बड़े फूड पार्क, चमड़ा प्रसंस्करण केंद्र, एकीकृत विनिर्माण संकुल और मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक पार्क तक बड़े पैमाने पर बुनियादी ढांचे का निर्माण किया है. यह अब दो विशेष आर्थिक क्षेत्रों (एसईजेड) का निर्माण कर रहा है.

उन्होंने कहा, ‘‘हमारी नीति अच्छी है और सौभाग्य से बिहार में हमारा नेतृत्व इतना अच्छा रहा है कि इन 19 साल में हमने बहुत अच्छा बुनियादी ढांचा बनाया है. सही मायने में बिहार निवेशकों के लिए तैयार है.”

बिहार की स्थिति विशिष्ट है. पूर्वी और उत्तरी भारत और नेपाल के विशाल बाजारों से निकटता के कारण बिहार को स्थान-विशेष का लाभ प्राप्त है. मूल रूप से कृषि प्रधान अर्थव्यवस्था वाले राज्य के पास एक बड़ा कृषि और पशु उत्पादन आधार है. यह कृषि आधारित यानी खाद्य प्रसंस्करण, रेशम और चाय से लेकर चमड़े और गैर-धातु खनिजों तक कई उद्योगों के लिए कच्चे माल की पर्याप्त मात्रा में आपूर्ति करता है.

इसके अलावा, पानी की कोई समस्या नहीं है और पर्याप्त संख्या में सस्ता श्रम उपलब्ध है. मिश्रा ने कहा, ‘‘ये हमारी मुख्य ताकत है और आने वाले दिनों में, बिहार में भारत के पूरे पूर्वी हिस्से के लिए वृद्धि का प्रमुख इंजन बनने की क्षमता है. यह बिहार का समय है.”

(इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)

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काल बना स्पीड ब्रेकर, हवा में उछली स्कूटर, सड़क पर घिसट गया शख्स… देखिए हैरान करने वाला VIDEO

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a7l2srbg_dehradun_625x300_12_December_24 काल बना स्पीड ब्रेकर, हवा में उछली स्कूटर, सड़क पर घिसट गया शख्स... देखिए हैरान करने वाला VIDEO


नई दिल्ली:

देहरादून में घंटाघर के सामने बिना चिन्ह वाले स्पीड ब्रेकर से टकराने के बाद एक स्कूटर सवार हवा में उछला और इसके बाद वह सड़क पर गिरा. वह और उसकी स्कूटर कई मीटर तक सड़क पर सरकती हुई आगे गई. गनीमत रही कि स्कूटर सवार को कोई गंभीर चोट नहीं लगी. स्पीड ब्रेकर पर ड्राइवरों को सचेत करने के लिए उनकी मार्किंग नहीं की गई है जिसके कारण वाहन चालकों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.

NDTV को मिले घटनास्थल के फुटेज में स्कूटर मध्यम गति से स्पीड ब्रेकर की ओर बढ़ती हुई दिख रही है. जैसे ही स्कूटर सवार स्पीड ब्रेकर से टकराता है, स्कूटर अप्रत्याशित रूप से हवा में उछल जाता है. वाहन चालक उछलकर नीचे गिर जाता है. वह कुछ देर रुकने के बाद उठता है और वहां से चला जाता है.

स्पीड ब्रेकर वाहनों की गति को नियंत्रित रखने के लिए बनाए जाते हैं, लेकिन इनकी डिजाइन में दोषों के कारण यही स्पीड ब्रेकर कई दुर्घटनाओं का कारण बनते हैं. देहरादून के इस स्पीड ब्रेकर की स्पष्ट मार्किंग नहीं की गई है. इसके अलावा यह अत्यधिक ऊंचा भी है. इससे चार पहियों वाले वाहनों के लिए इसे पार करना चुनौतीपूर्ण हो जाता है.

उचित संकेतक और मार्किंग की कमी के कारण ड्राइवरों के लिए स्पीड ब्रेकर का अनुमान लगाना मुश्किल हो गया है. इससे यहां हादसे हो रहे हैं.

इस स्पीड ब्रेकर के कारण कथित तौर पर सात दुर्घटनाएं हुई हैं, जिनमें तीन साल के एक बच्चे सहित दो लोग घायल हुए हैं.

स्पीड ब्रेकर के कारण हादसे का यह पहला मामला नहीं है. अक्टूबर में गुरुग्राम में भी ऐसी ही एक घटना हुई थी. तब गोल्फ कोर्स रोड पर एक तेज रफ़्तार BMW कार नए बनाए गए स्पीड ब्रेकर पर से उछल गई थी.

कैमरे में कैद हुई इस घटना में कार जमीन से काफी ऊपर उछलती हुई दिखी थी. कार उस स्थान से करीब 15 फीट दूर जाकर गिरी थी. उसी वीडियो में दो ट्रक भी बिना किसी निशान वाले स्पीड ब्रेकर से टकराकर हवा में उछलते हुए देखे गए थे.

इस घटना को लेकर कुछ दिनों बाद सोशल मीडिया पर हुई तीखी प्रतिक्रिया पर अधिकारियों ने कार्रवाई की थी. गुरुग्राम मेट्रोपॉलिटन डेवलपमेंट अथॉरिटी (GMDA) ने ड्राइवरों को चेतावनी देने के लिए “आगे स्पीड ब्रेकर है” लिखा हुआ एक साइनबोर्ड लगवाया. उन्होंने स्पीड ब्रेकर की थर्मोप्लास्टिक व्हाइट पेंट से मार्किंग भी कराई थी. इस तरह पेंट करने से विशेष रूप से रात में स्पीड ब्रेकर साफ दिखाई देता है.




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